दिल्ली जहाँगीरपुरी हनुमान जयन्ती शोभायात्रा में हुआ बवाल: लाउड म्यूज़िक, नारेबाज़ी और नमाज़ की टाइमिंग रही हिंसा का कारण-Jahagirpuri violence News

दिल्ली जहाँगीरपुरी हनुमान जयन्ती शोभायात्रा में हुआ बवाल: लाउड म्यूज़िक, नारेबाज़ी और नमाज़ की टाइमिंग रही हिंसा का कारण-Jahagirpuri violence News

नई दिल्ली : 17 अप्रैल-2022
Jahagirpuri violence News- दिल्ली के जहाँगीरपुरी में हनुमान जयन्ती के अवसर पर निकाली शोभायात्रा में बवाल हो गया। इस शोभायात्रा के दौरान एक स्थान पर दोनो पक्ष ने आमने सामने आकर और एक दूसरे को निशाते हुए ख़ूब उपद्रव किया। उपद्रवियों ने इस दौरान पुलिस को भी नहीं बख़्शा, इस हिंसा में 6 पुलिसकर्मियों सहित कुल 7 लोग घायल हो गए। दिल्ली पुलिस ने इस मामले में मुक़दमा दर्ज कर जाँच प्रक्रिया शुरू कर दी है।

यह कन्फर्म तो नहीं लेकिन पुलिस ने फायरिंग होने का भी सन्देह व्यक्त किया है। जहाँगीरपुरी के जिस क्षेत्र में इस हनुमान शोभायात्रा के दौरान शाम के समय उपद्रव हुआ है सुबह से भी इसी क्षेत्र में यह शोभायात्रा बिल्कुल शान्तिपूर्ण तरीक़े से निकल रही थी। लेकिन शाम 5 बजकर 40 मिनट पर जब इस शोभायात्रा के दौरान उपद्रव की शुरुआत हुई तब मुस्लिम समाज के लोग इफ़्तार से पूर्व ‘असर’ की नमाज़ अदा करने जा रहे थे।

दोनों पक्षों के बीच झड़प की शुरुआत भी मस्जिद के ही पास उस समय हुई जब शोभायात्रा में शामिल लोगों ने मस्जिद के नज़दीक आते ही तेज़ आवाज़ में म्यूज़िक बजाने के साथ-साथ ज़ोर-ज़ोर से नारे लगाने लगे। मुस्लिम पक्ष का आरोप है कि शोभायात्रा में शामिल दूसरे पक्ष के लोगों ने अन्य कई स्थानों की तरह ही यहाँ भी मस्जिद के अन्दर भगवा झण्डा लगाने का प्रयास किया था। जबकि दूसरा पक्ष इस आरोप को बिल्कुल नकार रहा है।

यह हिंसा जहाँ हुई उस क्षेत्र के स्थानीय लोगों का भी ये ही कहना है कि “शोभायात्रा में तेज़ आवाज़ के साथ म्यूज़िक बजाने के ऐतराज़ पर ही दोनों पक्षों के बीच कहासुनी के बाद यह हिंसा हुई। यहाँ मुस्लिम पक्ष का कहना है कि जब सुबह से ही इसी क्षेत्र में यह शोभायात्रा शांतिपूर्ण तरीक़े से निकल रही थी और सुबह से शाम तक (झगड़ा होने से पहले तक) किसी भी तरह की कोई कहासुनी, झड़प या हिंसा नही हुई तो फ़िर वे शाम के समय ही शोभायात्रा को क्यों रोकेंगे?

वहीं दिल्ली पुलिस के अनुसार इस झगड़े के दौरान 6 पुलिसकर्मी घायल हुए है। सूचना पाकर 7:00 बजे के लगभग भारी पुलिसबल के साथ सभी सीनियर अधिकारी मौक़े पर पहुँचे। हिंसा को कंट्रोल करने में लगभग 1 घंटे के क़रीब का समय लगा, 8:00 बजे के लगभग स्थिति पर पूरी तरह से क़ाबू पाया गया। वहीं पुलिस को शक है कि हिंसा में जो पत्थरों का प्रयोग हुआ है शायद उन पत्थरों को घरों की छतों पर पहले ही जमा कर रखा हो..इसके लिये पुलिस ड्रोन कैमरों की सहायता ले रही है। लेकिन ग़ौर करने वाली बात यह भी हैं कि जहाँगीरपुरी में हुई हिंसा के दौरान एक नहीं बल्कि दोनों ओर से ही पथराव किया गया है। (Jahagirpuri violence News)

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Author: Desh Duniya Today [Farhad Pundir]