वर्ल्ड हैप्पीनेस रिपोर्ट (World Happiness Report) में भारत पड़ोसी देश बांग्लादेश और पाकिस्तान से भी पीछे,जानिये कौन से देश हैं टॉप-5 पर?

वर्ल्ड हैप्पीनेस रिपोर्ट (World Happiness Report) में भारत पड़ोसी देश बांग्लादेश और पाकिस्तान से भी पीछे,जानिये कौन से देश हैं टॉप-5 पर?

न्यूज़ डेस्क: 
World Happiness Report- ‘संयुक्त राष्ट्र सतत विकास समाधान नेटवर्क’ (United Nation Report) द्वारा दुनिया भर के 156 देशों में ख़ुशहाली के स्तर को मापता है और सर्वेक्षण के बाद अपनी रिपोर्ट प्रकाशित करता है। इस बार किये गये सर्वे के बाद ‘संयुक्त राष्ट्र सतत विकास समाधान नेटवर्क’ द्वारा जो रिपोर्ट प्रकाशित की गई है उसमें फिनलैंड को सबसे ऊपर नम्बर-1 पर रखा गया है जबकि भारत को नेपाल, बांग्लादेश,पाकिस्तान और श्रीलंका देशों से नीचे 136 वीं रैंकिंग दी गयी है। वहीं सऊदी अरब को 25-वें स्थान पर रखा गया है जो कि पिछली बार की सर्वेक्षण रिपोर्ट में 26-वें स्थान पर था।World Happiness Repor

वर्ष-2017 की रिपोर्ट के बाद से सऊदी अरब की प्रगति को मापा है। जिस में सऊदी विज़न-2030 के लक्ष्यों के प्रभाव को उजागर किया गया है जिस में जीवन की गुणवत्ता कार्यक्रम का विकास भी शामिल है। यह नोट किया गया कि ‘सऊदी अरब’ ने सामाजिक समर्थन, सकल घरेलू उत्पाद, जीवन प्रत्याशा और जीवन निर्णय लेने की स्वतन्त्रता में सुधार करने के साथ साथ भ्रष्टाचार का सामना करने के प्रयासों को तेज़ करने में उत्कृष्ट प्रदर्शन किया है। इस रिपोर्ट में कहा गया है कि “सऊदी अरब ने सामाजिक सहायता परियोजनाओं व आर्थिक कार्यक्रमों की स्थापना की है जो देश को कोरोना महामारी के परिणामों से उबरने में योगदान करते हैं।

बता दें कि इस वर्ष वर्ल्ड हैप्पीनेस (World Happiness) रिपोर्ट की 10-वीं वर्षगाँठ है जो दुनिया भर के तमाम लोगों के जीवन में बदलाव की रिपोर्ट करने के लिये वैश्विक सर्वेक्षण डेटा का उपयोग करती है। इस ‘संयुक्त राष्ट्र सतत विकास समाधान नेटवर्क’ रिपोर्ट की वेबसाइट कहती है कि “यह रिपोर्ट 2 प्रमुख विचारों पर आधारित है। ख़ुशी या जीवन मूल्यांकन को राय सर्वेक्षणों के ज़रिये से मापा जा सकता है। जिससे भलाई के प्रमुख निर्धारकों की पहचान कर सकते हैं और इस तरह देशों में जीवन मूल्यांकन के पैटर्न की व्याख्या कर सकते हैं।”

इस रिपोर्ट के सह-लेखक जेफ़री के अनुसार “लगभग एक दशक से वर्ल्ड हैप्पीनेस रिपोर्ट (World Happiness Report) बनाने के बाद यह निष्कर्ष निकला है कि सामाजिक सहयोग, उदारता और गवर्नमेंट की ईमानदारी ख़ुशहाली के लिये बेहद ही ज़रूरी है। और विश्व के तमाम राजनेताओं को इन बातों का ध्यान ज़रूर रखना चाहिये। इस रिपोर्ट को तैयार करने वालों ने कोविड-19 के पहले और बाद के समय का प्रयोग किया है। ऐसे समय के दौरान सरकारों के प्रति लोगों की भावनायें महत्व रखती हैं, लोगों की भावनाओं की तुलना करने के लिये सोशल मीडिया डेटा को भी प्रयोग किया गया है। जिससे पता चला कि 18 देशों में चिन्ता और उदासी बढ़ी है जबकि आक्रोश की भावनायें कम हुई हैं।”World Happiness Repor

संयुक्त राष्ट्र सतत विकास समाधान नेटवर्क’ (United Nation Report) की इस रिपोर्ट में जहाँ फिनलैंड को लगातार 5 वर्षों से इस बार भी पहले की तरह Top-1 पर रखा गया है वहीं तालिबान शासित अफ़ग़ानिस्तान को वर्ल्ड हैप्पीनेस इंडेक्स में सब से नीचे 146 वें स्थान पर रखा गया है। क्योंकि अफ़ग़ानिस्तान में गत वर्ष तालिबान में हुए तालिबानी राज क़ायम होने के घटनाक्रम के चलते इस लिस्ट में सब से पिछड़ा है। वहीं आजकल आर्थिक मंदी का सामना कर रहे लेबनान देश को 144-वें नम्बर पर जगह दी गई है। जिम्बाब्वे 143-वें स्थान पर आया है। वहीं अफ़ग़ानिस्तान के परिपेक्ष्य में यूनिसेफ (Unisef) का अनुमान है कि “यदि अफ़ग़ानिस्तान की सहायता नहीं की गई तो वहाँ हालात और भी बदतर हो सकते हैं।World Happiness Report

अगर देखा जाये तो वर्ल्ड हैप्पीनेस (World Happiness) टेबल में भारत की रैंकिंग में कुछ सुधार हुआ है। पिछली बार जो भारत 139-वें स्थान पर था अब भारत ने 136-वां स्थान पाया है। लेकिन सबसे हैरानी की वाली बात यह है कि भारत अब भी अपने पड़ौसी देश पाकिस्तान, बांग्लादेश, नेपाल और श्रीलंका देशों से पीछे है। इस वर्ष की रिपोर्ट में नेपाल की ‘वर्ल्ड हैप्पीनेस रैंक’ 84-वीं है, बांग्लादेश की 94-वीं रैंक है,पाकिस्तान की रैंक 121-वीं और तो श्रीलंका की रैंक 127-वीं आयी है।
यें है World Happiness में top-5 देश: 1-फिनलैंड, 2-डेनमार्क, 3-आइसलैंड, 4-स्विट्ज़रलैंड, 5-नीदरलैंडWorld Happiness Repor

Author: Desh Duniya Today [Farhad Pundir]